कौन है माँ लक्ष्मी
Who is Goddess Lakshmi in Hindi
माँ लक्ष्मी धन ( सामग्री और आध्यात्मिक ), भाग्य , और सौंदर्य की देवी मानी जाती है। "लक्ष्मी " संस्कृत शब्द "लक्ष्मे" से लिया गया है जिसका मतलब है " लक्ष्य " माँ लक्ष्मी की शादी भगवन विष्णु से हुई है। यह त्रेता युग में देवी सीता , द्वापर युग में रुकमणि के रूप में अवतरित हुई |
वह भाग्य को लाने के लिए मानी जाती है और वह अपने
भक्तो की रक्षा सभी प्रकार के दुःख और पैसो से सम्बंधित मुसीबतो को दूर करके करती है। उनके कई नाम है जैसे महालक्ष्मी ,श्री , अनघा अन्य।
माँ लक्ष्मी कैसी दिखती है ?
How Goddess Lakshmi Looks Likes .
उनके चित्रो में वह नारी के रूप में दर्शायी गयी है ,और उनके चार हाथ है। वह एक सुनहरा अस्तर के साथ लाल कपड़े पहनती है , और एक कमल पर खड़ी रहती है। उनके हाथ में सोने का गाढ़ा और कमल होता है। माँ लक्ष्मी पर दो या चार हाथी सोने के घड़ो में से पानी छिनकते है और माँ के बाजु में खड़े रहते है।
माँ लक्ष्मी रूप - आठ रूप कौनसे है
कैसे अवतरित हुई माँ लक्ष्मी ?
माँ लक्ष्मी की उत्पति की एक प्राचीनकथा है। एक बार क्षीरसागर मंथन द्वारा(दूध का सागर ) देवता (भगवान) और असुर (राक्षस) अमृत पाकर अमर होना चाहते थे । इस विधि को मरुत मंथन कहा जाता है। भगवन विष्णु ने कुर्मा का रूप (कछवा ) लिया और मंथरा पर्वत की मदद की मंथन की रॉड बनकर, जबकि सर्पो के राजा वासुकि ने मंथन की रस्सी बनकर मदद की।
देवता और राक्षसो ने सागर मंथन किया। दिन रात में बदल गए और रात महीने में बदल गए और महीने साल में बदल गए फिर भी देवताओ और राक्षसो ने सागर मंथन जारी रखा। यह मंथन कई हजार सालो तक चला | अब इसमें कई कीमती और हानिकारक चीजे प्रदर्शित होने लगी । कुल मिला कर १४ कीमती तोहफे जिससे "१४ रत्न" बाहर आये। वह थे रम्भा ,धनु ,विष ,धन्वन्तरि ,वारुणी , कल्पद्रुम , एलिक्सिर , शशि , शंख , मणि , गजराज ,धेनु ,*बज, श्री लक्ष्मी , ज़हरीला विष (हलाहल) भी बाहर आया जिससे भगवान् शिव ने पिया और नीलकंठ महादेव बन गए। धन और सम्पन्नता की देवी माँ लक्ष्मी से भगवन विष्णु की शादी हुई |
माँ लक्ष्मी से जुड़ी अन्य पोस्ट
माँ लक्ष्मी के धन प्राप्ति वाले मंत्र
0 टिप्पणियाँ